बीसीसीआई ने इम्पैक्ट प्लेयर नियम पर आईपीएल की सभी 10 फ्रेंचाइजियों से औपचारिक रूप से राय मांगी है। यह कदम आईपीएल 2026 में बल्ले और गेंद के बीच संतुलन को लेकर फिर शुरू हुई बहस के बाद उठाया गया है। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने अगले सीजन से पहले नियम पर नई राय मांगी है। कुछ महीने पहले बोर्ड सचिव देवजीत सैकिया ने कहा था कि आईपीएल 2026 के बाद इस विवादित नियम की समीक्षा की जाएगी। क्रिकबज की रिपोर्ट के मुताबिक, फ्रेंचाइजियों को सोमवार, 31 अगस्त तक अपनी राय देने को कहा गया है। यह क्रिकेट संचालन से जुड़े कई मुद्दों पर मांगी गई राय का हिस्सा है। बीसीसीआई ने कई मुद्दों पर मांगी राय बीसीसीआई ने पीएमओए, अंपायरिंग, प्रैक्टिस सेशन और खेलने की शर्तों पर भी टीमों से सुझाव मांगे हैं। हालांकि, इम्पैक्ट प्लेयर नियम इस पूरी प्रक्रिया का सबसे अहम मुद्दा बना हुआ है। आईपीएल 2026 में 200 से ज्यादा रन के स्कोर में काफी बढ़ोतरी हुई थी। इसके बाद हाल के सीजन में चर्चा का विषय रहे इस नियम को लेकर बल्ले और गेंद के संतुलन पर बहस फिर तेज हो गई। बीसीसीआई ने अपने कम्युनिके में कहा, “आईपीएल 2026 की कप्तानों की बैठक में चर्चा के दौरान यह तय हुआ था कि टूर्नामेंट खत्म होने पर क्रिकेट संचालन से जुड़े प्रमुख मुद्दों पर सभी फ्रेंचाइजियों से राय ली जाएगी।” बोर्ड ने पहले संकेत दिया था कि इम्पैक्ट प्लेयर नियम एक और सीजन जारी रहने की उम्मीद है। पिछली बैठक में कई कप्तानों ने इस नियम का विरोध किया था। सैकिया के बयान के बाद औपचारिक प्रक्रिया बीसीसीआई की ताजा पहल इस साल की शुरुआत में सैकिया के दिए बयान के बाद उठाया गया औपचारिक कदम है। उन्होंने कहा था कि अगर फ्रेंचाइजियां चिंता जताती हैं, तो बोर्ड नियम पर फिर विचार करने के लिए ज्यादा तैयार होगा। इम्पैक्ट प्लेयर नियम की आलोचना रोहित शर्मा और विराट कोहली समेत कई प्रमुख भारतीय क्रिकेटरों ने भी की है। उन्होंने गेंदबाजों की भूमिका और टी20 क्रिकेट के संतुलन पर इसके असर पर सवाल उठाए हैं। हालांकि, सैकिया ने मई में इस नियम का बचाव किया था। उन्होंने टूर्नामेंट में अलग-अलग तरह के नतीजों का हवाला देते हुए कहा था, “कुछ कम स्कोर वाले मैच भी हुए हैं। सभी प्रशंसक मैचों का आनंद ले रहे हैं। गेंदबाजों को भी अच्छी विकेट मिल रही हैं।” उन्होंने कहा था, “सब कुछ हो रहा है; यह एक पैकेज में पूरा गुलदस्ता है।” 31 अगस्त तक देनी होगी संयुक्त राय ताजा राय लेने की प्रक्रिया से बीसीसीआई को एक और पूरे सीजन के बाद फ्रेंचाइजियों के रुख की ज्यादा साफ तस्वीर मिल सकती है। बोर्ड ने टीमों से कहा है कि वे इन मुद्दों पर अपने-अपने क्रिकेट संचालन विभागों के साथ चर्चा करें। इसके बाद 31 अगस्त तक संयुक्त राय जमा करनी होगी। बीसीसीआई इन जवाबों को एक साथ रखकर फैसला करेगा कि आईपीएल 2027 से पहले किसी बदलाव की जरूरत है या नहीं। फिलहाल इम्पैक्ट प्लेयर नियम लागू है, लेकिन फ्रेंचाइजियों की राय तय कर सकती है कि यह नियम अगले आईपीएल में बिना बदलाव जारी रहेगा या नहीं।


